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Thursday, October 21, 2021

स्वागत है गणतंत्र । लेख – अनिल यादव “मैनेजमेंट गुरु” #Realviewnews

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पिंजड़े का पंछी रात को सोया तो गुलाम था । और सुबह जब उसने अपनी अलसायी हुई आँखें खोली तो अपने को आजाद पाया । वह पंछी कौन था ? हम और आप । ब्रिटिश सरकार की काली बूटों की ठोकरें खाने से आजाद होने के लिए हमारे कितने राजनेताओं ने अपने प्राणों की आहुति देदी । भगत सिंह , सुखदेव , राजगुरु ने हंसते हंसते फांसी के फंदे को चूम लिया । कितनी सुहागिनों की मांग उजड़ गयी , लाखों माताओं ने अपनी कोख सुनी की तो अनगिनत बहनों अपनी रक्षा का वचन देनें वाले सपूत भाइयों की निष्प्राण कलाई पर राखी बांधते हुए कलेजे पर पत्थर रख लिया ।
26 जनवरी आज उन्हीं बलिदानी शहीदों को नमन करने का महापर्व है ।जहां भारत अपनी संपूर्ण ताकत की झलक के साथ आर्थिक उपलब्धियों की झांकी पुरे विश्व को दिखाएगा ।
भारत के उत्थान पर नजर गड़ाये पड़ोसी पाकिस्तान को उसकी सामरिक व कूटनीतिक उपलब्धता की कथा कभी रास नही आयी । उसके लिए वाह हर हथकंडा अपनाता रहता है । चीन ने कोढ़ में खाज का काम किया है । गलवान में उसने भारतीय सेना के बलवानो को छेड़ने का दुस्साहस किया । परिणाम यह भारत के पक्ष में रहा । चीन को अपनी मक्कारी छोड़ कर 150 किमी पीछे हटना पड़ा । विश्वगुरु बनने की ओर अग्रसर भारत को उसके खुद के भीतर भीषण गतिरोध का सामना करना पड़ रहा है । वर्तमान हालात एवं घरेलू राजनीति का बेहूदा परिदृश्य देख गांधी , आजाद , भगत , बाल , लाल , पाल सहित सभी बलिदानी शर्मिंदा हो रहे होंगे । आज अपने देश में सुबासचंद बोस V नेहरू पर बहस छिड़ी है । भारत का अन्नदाता भीषण ठंड में लंबे समय (63दिन )से दिल्ली में धरना दें रहा है । देश कोरोना कोविड 19 महामारी से पूरी तरह उबर भी नही पाया है । फिर भी हमारे साइंटिस्टों ने टिके का ईजाद कर दुनिया को चौंका दिया । रिकार्ड दो दिनों के भीतर 16 लाख लोगों को टिका लगा भी दिया गया है । राजपथ आज इसी उपलब्धियों का साक्षी बनेगा । किंतु जिस गणतंत्र का 72 वां स्वागत देश मना रहा है । उसी देश में गण और तंत्र दो भाग में बंटा दिखायी पड़ रहा है । आज राजपथ पर एक तरफ तीनों सेनाओं का शौर्य हुंकार भरेगा तो दूसरी तरफ देश का किसान सरकारी कृषि सुधार बिल को वापस लिए जाने के लिए ट्रैक्टर रैली निकालेगा । यह बंटा हुआ गण तंत्र निश्चय ही महात्माओं को आहत करेगा । किंतु देश कह रहा है – स्वागत है गणतंत्र ।
गणतंत्र दिवस 2021 के मौके पर इस साल कोई चीफ गेस्ट नहीं होगा। ब्रिटिश पीएम बोरिस जॉनसन को इस साल मुख्य अतिथि के तौर पर आमंत्रित किया गया था लेकिन ब्रिटेन में नए कोरोना स्ट्रेन के प्रकोप के चलते उन्हें अपनी यात्रा रद करनी पड़ी। आपको बता दें कि इससे पहले भारत में 1952, 1953 और 1966 में भी गणतंत्र दिवस परेड के लिए मुख्य अतिथि नहीं थे। राजपथ पर सैन्य शक्ति, बहुमूल्य सांस्कृतिक विरासत और सामाजिक-आर्थिक प्रगति का भव्य प्रदर्शन होगा। हालांकि कोरोना महामारी के कारण इस साल इसमें काफी बदलाव देखने को मिलेंगे। इस बार का ये कार्यक्रम थोड़ा अलग होगा। कोरोना महामारी के कारण इस बार परेड स्थल के एंट्री प्वाइंट पर थर्मल स्क्रीनिंग की व्यवस्था होगी और साथ ही डॉक्टर और हेल्थ वर्कर भी होंगे। इसके साथ ही सैनिटाइजर, फेस मास्क और ग्लव्स की भी व्यवस्था होगी।
गणतंत्र दिवस परेड के दौरान इस साल कोरोना वायरस के खिलाफ वैक्सीन बनाने की प्रक्रिया भी दिखाई जाएगी। केंद्रीय जैव प्रौद्योगिकी विभाग (डीबीटी) की झांकी स्वदेशी रूप से कोरोना वैक्सीन के निर्माण के लिए वैज्ञानिकों द्वारा किए गए प्रयासों को प्रदर्शित करेगी। झांकी वैक्सीन के पूर्व-परीक्षण और परीक्षण के विभिन्न चरणों का प्रदर्शन करेगी। कोरोना महामारी की वजह से इस साल गणतंत्र दिवस समारोह में काफी कम लोगों को परेड देखने का मौका मिलेगा। इस बार सिर्फ 25 हजार लोगों को समारोह में शामिल होने की अनुमति दी गई है। जबकि पिछले साल तकरीबन डेढ़ लाख दर्शक परेड देखने आए थे। इस साल केवल 4,000 आम लोगों को अनुमति दी गई है, जबकि बाकी दर्शक वीवीआईपी और वीआईपी मेहमान होंगे। इसके साथ ही 15 साल से कम उम्र के बच्चों को यहां प्रवेश नहीं मिलेगा। कोरोना की इस साल गणतंत्र दिवस परेड का आकार भी घटाया गया है। मार्च करने वाले सैन्य दस्तों की संख्या 144 से घटाकर 96 कर दी गई है। इस बार महज 32 झांकियां निकलेंगी। जिनमें से 17 अलग-अलग राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की होगी। जबकि विभिन्न मंत्रालयों से जुड़ी नौ झांकियां होंगी। वहीं सुरक्षाबलों की 6 झांकियां होंगी। कोरोना की वजह परेड के दौरान सैनिक मास्क लगाए आएंगे। कोरोना संकट की वजह से परेड और झांकियों के रूट में भी बदलाव किया गया है। गणतंत्र दिवस परेड और झांकियां के इस बार राष्ट्रपति भवन से शुरू होकर आगे का रास्ता अलग-अलग होगा। परेड जो पहले लाल किले तक जाती थीं, इस बार केवल नेशनल स्टेडियम तक ही जाएंगी और झांकियां केवल लाल किले तक जाएगी।

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अपनी साज सज्जा एवं चिकित्सकीय व्यवस्था से निजी अस्पतालों कों मात दें रहें सीएचसी डोभी की तरफ से समस्त क्षेत्र वासियों कों गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं !

काम किया है काम करेंगे, जन-जन का सम्मान करेंगे ।
आप सभी सम्मानित ग्रामवासियों कों गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं । जय हिंद !
आपका शिवबालक यादव ग्रा. प्रधान – हरिहरपुर, डोभी, जौनपुर । #Realviewnews

काम किया है काम करेंगे, जन-जन का सम्मान करेंगे ।
आप सभी सम्मानित ग्रामवासियों कों गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं । जय हिंद !
आपका शिवबालक यादव ग्रा. प्रधान – हरिहरपुर, डोभी, जौनपुर । #Realviewnews

डोभी में शिक्षा की अलख जगा रहे अनिल यादव ( मैनेजमेंट गुरु )

की तरफ से गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं ! 

डोभी में शिक्षा की अलख जगा रहे अनिल यादव ( मैनेजमेंट गुरु )
की तरफ से गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं ! #Realviewnews

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